West Bengal News: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव खत्म होने के एक दिन बाद इंडियन पॉलिटिकल एक्शन कमेटी (I-PAC) के डायरेक्टर विनेश चंदेल को गुरुवार (30 अप्रैल) को दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट से जमानत मिल गई। यह जमानत कथित कोयला घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में दी गई है। अदालत ने यह भी कहा कि प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने चंदेल की जमानत का विरोध नहीं किया। बता दें कि I-PAC एक चुनावी रणनीति सलाहकार संस्था है, जो तृणमूल कांग्रेस (TMC) के लिए चुनावी कैंपेन का काम देख रही थी।
कोर्ट ने जमानत देते हुए विनेश को दिया सख्त निर्देश
प्रवर्तन निदेशालय (ED) के एक अधिकारी के अनुसार, I-PAC के सह-संस्थापक विनेश चंदेल जांच के दौरान स्वेच्छा से और पूरी तरह सहयोग कर रहे हैं, जिससे एजेंसी की जांच या दलीलों पर कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ेगा। हालांकि, ED ने जमानत के दौरान कुछ शर्तें लगाने की मांग की थी। कोर्ट ने जमानत देते हुए निर्देश दिया कि चंदेल सबूतों के साथ छेड़छाड़ नहीं करेंगे और न ही किसी गवाह को प्रभावित करेंगे। इसके अलावा, उन्हें जांच में पूरा सहयोग करने, आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराने और जांच एजेंसियों के सामने उपस्थित रहने के लिए भी कहा गया है।
14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेजा था
दिल्ली की एक अदालत ने 23 अप्रैल को विनेश चंदेल को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया था। इससे पहले 14 अप्रैल को कोर्ट ने प्रवर्तन निदेशालय (ED) को चंदेल से 10 दिनों तक कस्टडी में पूछताछ करने की अनुमति दी थी। अदालत ने अपने आदेश में कहा था कि यह मानने के पर्याप्त आधार हैं कि वे कथित तौर पर करोड़ों रुपये की अवैध कमाई को बनाने, ट्रांसफर करने और छिपाने से जुड़ी गतिविधियों में सक्रिय रूप से शामिल थे।
बंगाल में हुई है बंपर वोटिंग
निर्वाचन आयोग ने कहा कि बुधवार को समाप्त हुए वर्ष 2026 के पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में अब तक का सर्वाधिक 92.47 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। सोमवार को चुनाव परिणामों की घोषणा से पहले ही दोनों प्रमुख दल BJP और तृणमूल कांग्रेस अपनी-अपनी जीत को लेकर आत्मविश्वास से भरे दिख रहे हैं।

