Mokama Murder Case : पटना से सटे मोकामा में गुरुवार को 75 साल के दुलारचंद यादव की गोली लगने से हत्या हो गई। दुलारचंद अपने रिश्ते के भतीजे पीयूष प्रियदर्शी के लिए चुनाव प्रचार में निकले थे, जो मोकामा से जन सुराज पार्टी के उम्मीदवार हैं।
नीरज कुमार ने बताया हादसे का सच
दुलारचंद यादव के पोते नीरज कुमार ने बताया कि चुनाव प्रचार के दौरान एक ही रास्ते से अनंत सिंह के काफिले की गाड़ी आ रही थी। इस रास्ते पर दुलारचंद और उनके साथियों के बीच अनंत सिंह के समर्थकों से विवाद हुआ।
नीरज ने कहा कि अनंत सिंह ने पिस्तौल निकाली और सीधे दादा जी पर गोली चलाई। उनकी एड़ी से ऊपर पैर में गोली लगी और दुलारचंद वहीं गिर गए। इसके बाद कर्मवीर और राजवीर ने उनकी मदद करने के बजाय उन्हें गाड़ी में उठाया और मारपीट की।
राजनीतिक प्रतिक्रियाएं
प्रशांत किशोर (जन सुराज) : घटना को जंगलराज का उदाहरण बताते हुए कहा कि प्रशासन और कानून की विफलता सामने आई है।
वीणा देवी (आरजेडी) : घटना की जांच के लिए मजिस्ट्रेट से कैमरे पर जांच की मांग की।
पप्पू यादव (पूर्णिया सांसद) : हत्या को लेकर NDA पर हमला करते हुए लिखा कि बिहार को मौत फैलाने वालों से मुक्ति मिले।
जीतन राम मांझी (केंद्रीय मंत्री) : आरजेडी पर आरोप लगाया कि वे जानबूझकर हिंसा कर रहे हैं।
पीयूष प्रियदर्शी (जन सुराज प्रत्याशी) : कहा कि उनके कार्यकर्ताओं के साथ मारपीट हुई, गाड़ियों के शीशे टूटे और कई लोग घायल हुए।
दोनों पक्षों ने दर्ज कराए मामले
इस घटना के बाद दोनों पक्षों ने थाने में FIR दर्ज कराई। मोकामा के भदौर थाने में दुलारचंद के पोते के बयान के आधार पर अनंत सिंह और उनके दो समर्थकों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज हुआ। वहीं, अनंत सिंह ने पीयूष प्रियदर्शी के समर्थकों के खिलाफ केस दर्ज कराया। यह हत्या चुनावी रंजिश की सबसे गंभीर घटना मानी जा रही है और पूरे इलाके में सुरक्षा का बड़ा सवाल उठ गया है।

