Delhi Municipal Corporation : दिल्ली नगर निगम को इस बार संपत्ति कर से पैसे की वसूली बहुत तेजी से हुई है। दिल्ली नगर निगम को संपत्ति कर से बड़ी सफलता मिली है। उसने अगस्त 2025 तक ही उतना राजस्व इकट्ठा कर लिया, जितना पूरे वित्त वर्ष 2024-25 में हुआ था।
‘सुनियो योजना’ ने बढ़ाई कमाई
संपत्ति कर देने वालों की संख्या बढ़ी है। निगम ने कर जमा करने की प्रक्रिया आसान कर दी है। ‘सुनियो योजना’ से नए लोग जुड़े हैं, जिससे कर से होने वाली कमाई बढ़ गई है।
वित्त वर्ष 2024-25 में जितना संपत्ति कर से राजस्व मिला था, उतना ही अगस्त 2025 तक निगम ने इकट्ठा कर लिया है। इस बार लक्ष्य 3200 करोड़ रुपये का रखा गया है और इसके लिए लगातार कोशिशें हो रही हैं। अगस्त में ही पिछले साल जितनी वसूली हो जाने से संपत्ति कर विभाग के कर्मचारी और अधिकारी उत्साहित हैं।
अगस्त 2024 तक निगम को 1687 करोड़ रुपये का संपत्ति कर मिला था, जबकि अगस्त 2025 में यह बढ़कर 2024 करोड़ हो गया। पिछले साल 9,79,267 लोगों ने कर चुकाया था, इस साल 11,37,502 लोगों ने जमा किया है। यानी लगभग डेढ़ लाख ज्यादा। यह संख्या 2024-25 के पूरे साल के करदाताओं से भी 24 हजार अधिक है।
एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि हम संपत्तिकर की प्रक्रिया को सरल करने का प्रयास कर रहे है। नागरिक सीधे वेबसाइट पर जाकर खुद ही संपत्ति कर जमा कर सकते हैं, इसमें किसी बिचौलिए की जरूरत नहीं है। इसका लाभ यह कि लोग स्वयं ही संपत्तिकर जमा कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि हमें उम्मीद है कि इस वर्ष हम संपत्तिकर से राजस्व में नया रिकार्ड बनाएंगे।
ये भी पढ़े : Share Market: GST 2.0 का शेयर बाजार पर असर बरकरार, जानें सेंसेक्स और निफ्टी का हाल

