Bird Flu : दिल्ली के चिड़ियाघर में दो स्टार्क पक्षियों की मौत के बाद Bird Flu का खतरा एक बार फिर बढ़ता दिख रहा है। इसी को ध्यान में रखते हुए गाजियाबाद प्रशासन ने सतर्कता बरतते हुए जिले में अलर्ट जारी कर दिया है। पशुपालन विभाग ने किसी भी लापरवाही से बचने के लिए पोल्ट्री फार्मों की गहन जांच हेतु तीन विशेष टीमें गठित की हैं।
12 पोल्ट्री फार्म और जिनमें छह सक्रिय
मंगलवार को विकास भवन में आयोजित समीक्षा बैठक की अध्यक्षता मुख्य विकास अधिकारी (CDO) अभिनव गोपाल ने की। उन्होंने जानकारी दी कि जिले में कुल 12 पोल्ट्री फार्म मौजूद हैं, जिनमें से छह बंद हैं। शेष छह सक्रिय फार्मों में फिलहाल लगभग 2.13 लाख मुर्गे और मुर्गियां पाली जा रही हैं।
CDO ने यह भी बताया कि कुछ माह पूर्व भी बर्ड फ्लू का अलर्ट जारी हुआ था। उस दौरान 401 सैंपल जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए थे, लेकिन सभी रिपोर्ट निगेटिव आई थीं। फिलहाल जिले में किसी भी प्रकार के संक्रमण की पुष्टि नहीं हुई है।
अधिकारियों को सौंपे गए दायित्व
बैठक में विभागीय अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि वे अपने-अपने स्तर पर Bird Flu की रोकथाम और नियंत्रण के लिए पूरी तैयारी रखें। निगरानी, निरीक्षण और रिपोर्टिंग की व्यवस्था मजबूत की जाए ताकि शुरुआती स्तर पर ही किसी भी स्थिति से निपटा जा सके।
मांस और अंडे को अच्छी तरह उबालने से वायरस नष्ट
मुख्य पशु चिकित्साधिकारी (CPV) डॉ. SP पांडे ने बताया कि बर्ड फ्लू का खतरा सीधे तौर पर चिकन या अंडे के सेवन से नहीं होता। उन्होंने कहा कि मांस और अंडे को अच्छी तरह उबालने या पकाने से वायरस नष्ट हो जाता है। ऐसे में लोगों को डरने की आवश्यकता नहीं है, लेकिन सावधानी बरतना जरूरी है।
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प्रशासन का संदेश
जिला प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी मृत या बीमार पक्षी की सूचना तुरंत विभाग को दें। साथ ही, पोल्ट्री फार्म संचालकों को भी निर्देशित किया गया है कि वे स्वच्छता और जैव-सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करें।

