Humayun Kabir AIMIM Alliance: पश्चिम बंगाल की राजनीति में शनिवार का दिन बड़ा विस्फोटक साबित हुआ। मुर्शिदाबाद के बेलडांगा क्षेत्र में बाबरी मस्जिद जैसी संरचना के शिलान्यास के कुछ ही घंटों बाद TMC से निलंबित विधायक हुमायूं कबीर ने एक चौंकाने वाला ऐलान कर दिया। उन्होंने घोषणा की कि वह AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी के साथ गठबंधन को अंतिम रूप देने की तैयारी में हैं और दोनों दल मिलकर आगामी चुनाव लड़ सकते हैं।
कबीर ने कहा कि यह गठबंधन बंगाल में BJP और TMC दोनों के खिलाफ मजबूत विकल्प बनकर उभरेगा। उनके अनुसार “हम AIMIM के साथ चुनावी रणनीति पर बातचीत कर रहे हैं। साथ आकर हम राज्य की राजनीति में बड़ा बदलाव ला सकते हैं।”
मस्जिद निर्माण के लिए दानपेटी में चंदा
इस घोषणा के बीच बेलडांगा में वह स्थल भी सुर्खियों में है, जहां कबीर ने बाबरी जैसी मस्जिद के लिए शिलान्यास किया था। कार्यक्रम के वीडियो में समर्थकों को सिर पर ईंटें उठाए जमीन पर जमा होते देखा गया। रविवार को भी बड़ी संख्या में लोग वहां पहुंचे और दानपेटी में चंदा डालते हुए मस्जिद निर्माण के लिए ईंटें इकट्ठा करने लगे।
कबीर का यह कदम पहले से गर्म चल रही बंगाल की राजनीति में और आग लगाने वाला साबित हो रहा है। टीएमसी से निलंबन के बाद उनकी राजनीतिक राह पर जो सवाल उठ रहे थे, AIMIM से संभावित गठबंधन ने उन्हें फिर सुर्खियों के केंद्र में ला दिया है।
एक नया मंच
उन्होंने दावा किया कि बंगाल में मुस्लिम और दलित समुदायों की आवाज मुख्यधारा की पार्टियों में दबा दी गई है और अब एक नया मंच बनाया जा रहा है, जहां उनके मुद्दों को प्राथमिकता मिलेगी। फिलहाल बेलडांगा में मस्जिद का शिलान्यास और चंदा अभियान दोनों ही धार्मिक और राजनीतिक माहौल को तेजी से गर्मा रहे हैं, जिससे यह मामला राज्य की राजनीति में बड़ा मोड़ साबित हो सकता है।
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