Ayodhya Ram Mandir: अयोध्या में बढ़ती ठंड को देखते हुए श्रीराम जन्मभूमि और हनुमानगढ़ी में बाल स्वरूप रामलला और हनुमंत लला की सेवा-सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए गए हैं। राम मंदिर ट्रस्ट ने रामलला के आरती और भोग राग का समय बदलते हुए उनकी दिव्य सेवा में कोई बाधा न आए, इसका ध्यान रखा है। ठंड के मद्देनज़र रामलला के शयन का समय अब एक घंटा बढ़ा दिया गया है। स्नान और अभिषेक के लिए गुनगुना पानी उपयोग किया जा रहा है, ताकि मौसम का असर उनकी पूजा पर न पड़े। भोग राग व्यवस्था में भी मौसमी बदलाव किए गए हैं, जिसमें केशर मिश्रित गर्म दूध, खीर और पौष्टिक ड्राई फ्रूट शामिल हैं।
भक्तों की मान्यता
रामलला को ऊनी गर्म वस्त्र पहनाए जा रहे हैं, जबकि रात में विशेष जयपुरी रजाई ओढ़ाई जा रही है। गर्भगृह के तापमान को संतुलित रखने के लिए ब्लोअर और हीटर लगाए गए हैं, ताकि बाल स्वरूप आराध्य को ठंड का कोई अहसास न हो। ट्रस्ट ने बताया कि ऋतु अनुसार भगवान के भोग, प्रसाद और वस्त्रों में बदलाव परंपरा का हिस्सा है। भक्तों की मान्यता है कि बाल स्वरूप में भगवान को भी ठंड लगती है, इसलिए उनकी सेवा में विशेष सावधानी बरती जाती है।
धार्मिक और सांस्कृतिक परम्परा
इसी तरह हनुमानगढ़ी और अयोध्या के अन्य मंदिरों में भी विग्रहों के लिए गर्म वस्त्र, रजाई और हीटर की व्यवस्था की गई है। इस कदम से भक्तों को रामलला और हनुमंत लला की सुरक्षित और आरामदायक सेवा का भरोसा मिला है। इस तरह अयोध्या में धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराओं को बनाए रखते हुए बाल आराध्य की सुरक्षा और सुविधा का विशेष ध्यान रखा गया है।

