Vidisha : विदिशा पुलिस ने “मिशन मोबाइल रिकवरी” अभियान के तहत एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस अधीक्षक रोहित केसवानी की मौजूदगी में बरामद किए गए मोबाइल फोन उनके असली मालिकों को सौंपे गए है। यह कदम न केवल लोगों के खोए मोबाइल वापस दिलाने का है, बल्कि जनता में पुलिस के प्रति भरोसा भी मजबूत करता है।
कई जिलो से ट्रेस किए फोन
इस अभियान के दौरान पुलिस ने न सिर्फ विदिशा जिले में, बल्कि उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, राजस्थान और झारखंड जैसे राज्यों से भी मोबाइल ट्रेस किए थे। यह उपलब्धि विदिशा पुलिस की तकनीकी दक्षता और अंतरराज्यीय समन्वय क्षमता को दर्शाती है।
तकनीक और साइबर सेल की मदद से फोन ट्रेस किए
पुलिस अधीक्षक रोहित केसवानी ने बताया कि इस मिशन के तहत आधुनिक तकनीक और साइबर सेल की मदद से मोबाइल की लोकेशन ट्रैक की गई है। जिन लोगों के मोबाइल चोरी या गुम हुए थे, उन्हें सूचना देकर बुलाया गया और उनके फोन उन्हें सौंपे गए। उन्होंने आगे कहा कि यह अभियान आगे भी जारी रहेगा ताकि और अधिक लोगों को उनका गुम या चोरी हुआ मोबाइल वापस मिल सके।
उन्होंने आगे बताया कि विदिशा पुलिस द्वारा मिशन मोबाइल रिकवरी चलाया जा रहा है। इसके आज तीसरे चरण में जो कि पाँच अक्टूबर से 15 दिन का अभियान चलाया गया है। उसमें 275 लोगों के मोबाइल जो घूमे थे, चोरी हुए हैं, उनको रिकवर किया गया है। इसकी कुल कीमत लगभग 55 लाख रुपए है और इसमें हमारे एडिशनल एसपी साहब।
यशी शर्मा ने कहा कि दो हज़ार तेईस में यह मेरा फोन चोरी हुआ था रंगई मंदिर से। और आज मिला है। मैंने सारी होप छोड़ दी थी। कोई उम्मीद नहीं थी। बट सडनली कॉल आया और मैं तो शॉक थी। कैसे मिला यह? आज गुड पोली का दिन है और पुलिस की मदद ज्यादा है।
उन्होंने आगे कहा-” मैं बहुत धन्यवाद देना चाहती हूं कि इतने एक्टिवली काम कर रहे हैं कि इतने सालों बाद जब उन्होंने उम्मीद छोड़ दी। उसके बाद भी फोन रिकवर हुआ है। बहुत अच्छा लग रहा है। थैंक्स टू पुलिस डिपार्टमेंट। एसपी सर बहुत खुश हूं मैं।”
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नागरिकों ने की प्रशंसा
विदिशा पुलिस के इस सराहनीय कदम की स्थानीय नागरिकों ने प्रशंसा की है। लोगों ने कहा कि पुलिस ने जिस लगन और पारदर्शिता के साथ यह कार्य किया है, वह समाज में सुरक्षा और विश्वास का वातावरण पैदा करता है।

