Jharkhand News: झारखंड के दुमका जिले के हंसडीहा थाना क्षेत्र के बरदेही गांव में शनिवार की रात एक ऐसी घटना सामने आई जिसने पूरे इलाके को सन्न कर दिया। घरेलू विवाद का तनाव इतना बढ़ गया कि एक पति ने पहले अपनी पत्नी और दो मासूम बच्चों की हत्या कर दी और बाद में खुद भी फांसी लगाकर जान दे दी। रविवार सुबह चार शवों के मिलने के बाद पूरे गांव में मातम फैल गया।
क्या हुआ था उस रात?
पुलिस और परिवार के मुताबिक 30 वर्षीय बीरेंद्र मांझी शनिवार को अपनी पत्नी आरती (24) और दोनों बच्चों 4 साल की रूही और 2 साल के विराज को देवघर जिले के पालाजोरी स्थित ससुराल से घर लाया था। घर लौटने के बाद रात के खाने से पहले ही पति-पत्नी के बीच किसी बात को लेकर बहस शुरू हो गई। परिजनों का कहना है कि विवाद देर रात अचानक तीखा हो गया।
रात के सन्नाटे में घर से कोई आवाज़ बाहर नहीं आई, लेकिन सुबह जब परिवार वालों ने आवाज दी और घर का दरवाज़ा नहीं खुला तो शक बढ़ा। खिड़की से झांकने पर जो नज़ारा दिखा, उसने सभी के पैरों तले ज़मीन खिसका दी अंदर चारों के शव पड़े थे।
एक-एक कर हत्या और फिर आत्महत्या
जांच में यह सामने आया कि गुस्से में बीरेंद्र ने पहले पत्नी आरती की हत्या की, इसके बाद दोनों मासूम बच्चों की जान ले ली। सबसे दर्दनाक बात यह रही कि छोटा बेटा विराज पहले से ही दिल की गंभीर बीमारी से जूझ रहा था और इलाज के लिए उसे भोपाल ले जाने की तैयारी चल रही थी। लेकिन हर उम्मीद उसी रात हमेशा के लिए खत्म हो गई। पत्नी और बच्चों को मारने के बाद बीरेंद्र ने खुद भी फांसी लगाकर जान दे दी।
गांव में फैला मातम
हंसडीहा पुलिस ने चारों शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिए हैं। अधिकारी इस मामले को घरेलू विवाद का चरम रूप मान रहे हैं, लेकिन कई अन्य कोणों से भी जांच की जा रही है ताकि घटनाओं की सही तस्वीर सामने आ सके। बरदेही गांव में लगातार दूसरे दिन सन्नाटा पसरा हुआ है। लोग इसे इलाके के इतिहास में सबसे दर्दनाक पारिवारिक त्रासदी बता रहे हैं।
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