PM Modi on Independence Day : स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले की प्राचीर से लगातार 12वीं बार तिरंगा फहराया और राष्ट्र को संबोधित किया। देश इस समय 79वें स्वतंत्रता दिवस के जश्न में डूबा है, लेकिन पीएम मोदी ने अपने भाषण में एक गंभीर स्वास्थ्य समस्या मोटापे की ओर लोगों का ध्यान खींचा। उन्होंने कहा कि मोटापा न केवल व्यक्तिगत स्वास्थ्य बल्कि पूरे देश के लिए एक संकट बनता जा रहा है। भारत में मोटापा आजकल आम हो गया है। गंभीर बीमारियों के कारण को अगर समय रहते नहीं रोका गया तो ये जानलेवा हो सकता है।
जानिए प्रधानमंत्री मोदी ने क्या कहा?
प्रधानमंत्री ने कहा कि मोटापे की समस्या दुनिया भर में तेजी से फैल रही है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) की 2022 की एक रिपोर्ट का हवाला देते हुए उन्होंने बताया कि दुनिया में हर आठ में से एक व्यक्ति मोटापे की चपेट में है और 1990 के बाद से वयस्कों में मोटापे की दर दोगुनी से अधिक हो चुकी है। भारत की स्थिति भी चिंताजनक है देश में हर तीसरा व्यक्ति अब मोटापे से प्रभावित है। उन्होंने आगाह किया कि बढ़ता वजन हमारे शरीर पर कई तरह से असर डालता है। मोटापा दिल से जुड़ी बीमारियों, हाई ब्लड प्रेशर, डायबिटीज, हड्डियों की समस्या और थायरॉयड जैसी गंभीर बीमारियों का कारण बन सकता है। उन्होंने कहा, “अगर हमें एक स्वस्थ भारत बनाना है, तो हमें अपने वजन पर नियंत्रण रखना होगा और इसके लिए जीवनशैली में बदलाव बेहद जरूरी है।”
वजन बढ़ाता है बल्कि हृदय रोग
भाषण के दौरान प्रधानमंत्री ने खास तौर पर खाने में तेल के इस्तेमाल को नियंत्रित करने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि लोग अपनी रोज़मर्रा की डाइट में तेल का इस्तेमाल कम से कम 10 प्रतिशत घटाएं। उन्होंने यह भी बताया कि तेल में मौजूद कैलोरी और फैट वजन बढ़ाने में अहम भूमिका निभाते हैं, इसलिए इसकी मात्रा नियंत्रित रखना जरूरी है। उन्होंने पैकेज्ड और प्रोसेस्ड फूड्स के खतरों पर भी प्रकाश डाला। पीएम मोदी के अनुसार, इनमें अधिक मात्रा में अनहेल्दी फैट और तेल पाया जाता है, जो न केवल वजन बढ़ाता है बल्कि हृदय रोग, उच्च कोलेस्ट्रॉल और टाइप-2 मधुमेह के जोखिम को भी बढ़ा देता है।
स्वस्थ्य भारत मिशन की तरफ कदम
प्रधानमंत्री ने लोगों से अपील की कि मोटापे के खिलाफ एक जन आंदोलन की तरह काम करें। उन्होंने कहा, “अगर हर व्यक्ति छोटे-छोटे बदलाव करेगा—जैसे तेल की मात्रा कम करना, नियमित व्यायाम करना, और संतुलित आहार लेना—तो हम मिलकर इस चुनौती को हर सकते हैं।” स्वास्थ्य विशेषज्ञ भी पीएम मोदी की बात का समर्थन करते हैं। उनका कहना है कि मोटापे को नियंत्रित करने के लिए कैलोरी इनटेक पर ध्यान देना, ताज़ी सब्ज़ियों और फलों का सेवन बढ़ाना, और रोजाना कम से कम 30 मिनट शारीरिक गतिविधि करना बेहद जरूरी है। पीएम मोदी का यह संदेश ऐसे समय आया है जब भारत आर्थिक और तकनीकी विकास की ओर तेजी से बढ़ रहा है, लेकिन जीवनशैली से जुड़ी बीमारियां भी चिंता का विषय बन रही हैं। उनका यह आह्वान न केवल व्यक्तिगत स्वास्थ्य सुधारने की दिशा में है, बल्कि एक स्वस्थ राष्ट्र(PM Modi on Independence Day) के निर्माण का संकल्प भी है।

