Delhi news : केन्द्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने आज नई दिल्ली के भारत मंडपम में 16वीं अंतर्राष्ट्रीय रेल उपकरण (6th International Rail Equipment Exhibition) प्रदर्शनी का उद्घाटन किया। यह एशिया की सबसे बड़ी और विश्व की दूसरी सबसे बड़ी रेल प्रदर्शनी है। इसमें 15 से अधिक देशों के चार सौ पचास से ज्यादा प्रदर्शक आधुनिक रेल और मेट्रो उत्पाद, नवाचार और टिकाऊ समाधान दिखा रहे हैं।
रेलवे में बड़ा निवेश, ट्रैक विस्तार और निर्यात पर जोर : वैष्णव
इस मौके पर श्री वैष्णव ने कहा कि पिछले 11 सालों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रेलवे के आधुनिकीकरण पर खास ध्यान दिया है। उन्होंने बताया कि रेलवे को आधुनिक बनाने के लिए हर साल करीब 2.56 लाख करोड़ रुपये का निवेश किया जा रहा है। वैष्णव ने बताया कि इस दौरान लगभग 35 हजार किलोमीटर नए ट्रैक बिछाए गए और 46 हजार किलोमीटर ट्रैक का विद्युतीकरण किया गया। उन्होंने यह भी कहा कि रेलवे अब एक बड़ा निर्यात केंद्र बन रहा है और हाल ही में भारत में बने इंजन अफ्रीका भेजे गए हैं।
15 देशों के प्रदर्शक और MSME शामिल, ट्रैक क्षमता बढ़ाने पर जोर
रेल मंत्री ने बताया कि करीब 15 देशों के उपकरण निर्माता अपने उत्पाद प्रदर्शित कर रहे हैं और कई सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योग भी इस प्रदर्शनी में शामिल हैं। उन्होंने कहा कि सरकार पारंपरिक रेल ट्रैकों के साथ-साथ विशेष यात्रा गलियारों के निर्माण की क्षमता बढ़ाने पर लगातार काम करती रहेगी।
प्रदर्शनी में भारत की रेल तकनीक और निवेश अवसर
इस मौके पर भारतीय उद्योग परिसंघ के महानिदेशक चंद्रजीत बनर्जी ने कहा कि यह प्रदर्शनी भारत की रेल तकनीक और निर्माण क्षमता को दर्शाती है। उन्होंने कहा कि यह सम्मेलन साझेदारी के नए अवसर देगा और भारत को वैश्विक निवेशकों से जोड़ने में मदद करेगा।
बता दें कि तीन दिन चलने वाली इस प्रदर्शनी में रेल मंत्रालय अमृत भारत और तेजस कोच, वंदे भारत ट्रेन, कोलकाता मेट्रो और नमो भारत ट्रेन को प्रदर्शित कर रहा है।

