Devji surrendered before Telangana Police: भारत सरकार की नक्सलवाद के खिलाफ चल रहे ऑपरेशन के बीच सीपीआई माओवादी के महासचिव टिप्पिरी तिरुपति उर्फ देवजी ने तेलंगाना के असिफाबाद में पुलिस के सामने सरेंडर कर दिया है। रिपोर्ट है कि देवजी पर सिर्फ तेलंगाना में 25 लाख रुपए का इनाम था जबकि छत्तीसगढ़ में 1 करोड़ रुपए का इनाम है। इस तरह देवजी पर तेलंगाना, छत्तीसगढ़ और एनआईए की इनाम राशि 1.5 करोड़ के करीब थी।
देवजी ने संभाली थी संगठन की कमान
देवजी तेलंगाना के करीमनगर का रहने वाला है। उसे तिप्पिरी तिरुपति उर्फ संजीव पल्लव नाम से भी जाना जाता है। वह नक्सलियों की सेंट्रल मिलिट्री कमांड का प्रमुख रह चुका है। मई, 2025 में बसवा राजू की मौत के बाद देवजी को CPI (माओवादी) का महासचिव बनाया गया था। उस पर केवल छत्तीसगढ़ में ही एक करोड़ रुपये का इनाम घोषित है। फिलहाल वो संगठन का सबसे बड़ा नेता है।
नक्सलवाद से देवजी का नाता 35 साल पुराना
देवजी करीब साढ़े तीन दशक से नक्सलवाद से जुड़ा हुआ है। उसे गुरिल्ला युद्ध का अनुभवी माना जाता है। अप्रैल, 2010 में दंतेवाड़ा में सीआरपीएफ के काफिले पर हुए हमले में 76 जवान मारे गए थे। ये सुरक्षा बलों पर सबसे घातक नक्सली हमला था। वहीं, मार्च, 2007 में बीजापुर के रानी बोदली में नक्सली हमले में 55 जवान मारे गए थे। इन दोनों हमलों में देवजी का हाथ बताया जाता है।।

