Lucknow man shoots father: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में 20 फरवरी की सुबह पिता की हत्या करने वाले 19-वर्षीय आरोपी बेटे अक्षत को लेकर कई खुलासे सामने आ रहे हैं। आरोपी अक्षत ने पुलिस की हिरासत में अपना अपराध स्वीकार कर लिया है। बता दें कि, आरोपी ने अपने पिता की हत्या लाइसेंसी रिवॉल्वर से की थी।
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हत्या सबूत मिटाने लाश को आरी से काटा और ड्रम में डाला
पुलिस के मुताबिक, आरोपी अक्षत ने पिता मानवेंद्र सिंह की हत्या रिवॉल्वर से गोली मारकर की। इसके बाद शव को घर के ग्राउंड फ्लोर पर ले गया। अपराध को छिपाने के शव से हाथ, पैर और सिर काटकर कहीं दूर फेंक दिया। इसके बाद स्लीपिंग बैग में धड़ को डालकर नीले ड्रम में छिपा दिया। वह इसे गोमती नदी में फेंकना चाहता था। फिलहाल, मामले में फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से नमूने जुटा रही है और हत्या के अन्य संभावित कारणों की जांच कर रही है।
पुलिस के भटकाने के लिए रची झूठी कहानी
अक्षत ने पुलिस को अपराध जांच से भटकाने के लिए झूठी कहानी रची। आरोपी ने 20 फरवरी को पिता की लापता रिपोर्ट दर्ज कराई। मामले में पुलिस ने जांच में सभी सदस्यों से पूछताछ की। इस दौरान पुलिस को अक्षत के बयानों में घालमेल से संदेह बना। उसके लापता और सुसाइड की बातों पर पुलिस सख्ती पूछा तो सच्चाई सामने आ गई।
ऐसे नफरती बना अक्षत
मृतक मानवेंद्र सिंह का शराब और पैथोलॉजी का कारोबार था। इसलिए वह चाहते थे कि बेटा अक्षत मेडिकल की पढ़ाई करे (NEET की तैयारी) और आने वाले समय में कारोबार भी संभाले। अकसर वह अक्षत के करियर को लेकर चिंतित रहते थे क्योंकि अक्षत के बचपन के दौरान ही उनकी पत्नी की मौत हो गई थी। इससे अक्षत के स्वभाव में जिद्दीपन और अडिग किस्म का व्यवहार आ गया। पढ़ाई में मन न लगना और उसका प्रेशर उसे पसंद नहीं था। इन सबका उस पर नकारात्मक असर पड़ा और नफरत के आवेश में आकर उसने अपने पिता को रास्ते से हटाने की साजिश रच दी।
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