नोएडा के सलारपुर में अवैध निर्माण को हटाने के लिए नोएडा अथॉरिटी की टीम मंगलवार को इलाके में पहुंची, लेकिन किसानों नेताओं के विरोध के चलते टीम को बिना कार्रवाई किए लौटना पड़ा। ऑपरेशन ‘NO LAND MAFIA’ के तहत जेसीबी और भारी दलबल के साथ प्राधिकरण की टीम सलारपुर पहुंची थी, लेकिन स्थानीय किसान नेताओं सुभाष चौधरी और अशोक भाटी के समर्थकों ने जमकर विरोध किया।
किसानों ने क्यों रोका अथॉरिटी का एक्शन?
बता दें कि सलारपुर में कई जगह सरकारी जमीन पर बिल्डर्स ने अवैध कब्जा कर फ्लैट्स और निर्माण कार्य शुरू कर रखा है। न्यूज इंडिया की टीम ने भूमाफियों के इसी लैंड स्कैम को ऑपरेशन NO LAND MAFIA के तहत एक्सपोज किया। इस ऑपरेशन के बाद प्रशासन में हड़कंप मचा और नोएडा अथोरिटी की टीम मौके पर अवैध कब्जे और कंस्ट्रक्शन को हटाने गिराने के लिए दलबल के साथ पहुंची थी।
इस दौरान किसानों और भूमाफियाओं के नेताओं ने प्रदर्शन शुरू कर दिया और अधिकारियों के सामने विरोध किया। न्यूज़ इंडिया ने किसान नेता सुभाष चौधरी और अशोक भाटी से सवाल किया कि अवैध निर्माण पर उनका विरोध क्यों है, लेकिन उन्होंने कोई स्पष्ट जवाब नहीं दिया।
प्राधिकरण की टीम भारी दलबल के बावजूद बिना किसी कार्रवाई के लौटी। अधिकारी प्रदीप साहू और रोहित सिंह भी इस दौरान किसी ठोस कार्रवाई में सफल नहीं हो पाए। स्थानीय लोगों का आरोप है कि बड़े कब्जेदारों और भूमाफियाओं के दबाव में अधिकारियों की कार्रवाई सिर्फ खानापूर्ति तक सीमित रही। सरकारी ज़मीन पर अवैध कब्जा बरकरार रहने से सवाल उठ रहे हैं कि आखिर किसानों और नेताओं का इस मामले में क्या कनेक्शन है।
कार्रवाई करने में फेल रही नोएडा अथोरिटी और किसान यूनियन द्वारा कार्रवाई में रुकावट डालने को लेकर न्यूज इंडिया पूछता है सवाल
सलारपुर में क्यों रुका नोएडा अथोरिटी का एक्शन ?
किसान नेताओं ने क्यों रोकी अथोरिटी की कार्रवाई ?
अवैध निर्माण पर एक्शन, किसान नेताओं को क्यों टेंशन ?
सुभाष चौधरी और अशोक भाटी का अवैध निर्माण से क्या कनेक्शन ?
अवैध निर्माण पर एक्शन से किसान नेताओं को क्या दिक्कत है ?
सवाल कई है जिनके जवाब अभी बाकी हैं और किसान यूनियन इन सवालों से बच नहीं सकती।

