India Bangladesh relations: बांग्लादेश में तनावपूर्ण हालात को देखते हुए भारत ने अपने सभी राजनयिकों के परिवारों को वापस बुला लिया है। हालांकि, इस दौरान राजनयिक सभी मिशनों पर तैनात रहेंगे। भारत सरकार ने यह निर्णय उस वक्त लिया है जब बांग्लादेश में 12 फरवरी को आम चुनाव होने वाले हैं और वहां हालात चिंताजनक हैं। विदेश मंत्रालय की ओर से अभी इस संबंध में कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है, लेकिन कहा जा रहा है कि सभी परिवार जनवरी के अंत तक भारत आ जाएंगे।
इन देशों की कैटेगरी में अब बांग्लादेश भी
बांग्लादेश में तैनात होने वाले भारतीय राजनयिक अब अपने पति-पत्नी और बच्चों समेत परिवार के अन्य सदस्यों को साथ नहीं ले जा सकेंगे। अब तक भारत ने इराक, अफगानिस्तान, पाकिस्तान और दक्षिण सूडान जैसे तनावग्रस्त व अशांति देशों को ही इस कैटेगरी में रखा था। भारत सरकार के नए फैसले के तहत अब बांग्लादेश भी इस कैटेगरी में शामिल हो गया है।
बांग्लादेश में राजनयिकों ने शॉर्ट नोटिस पर परिवारों को भारत भेजा
भारत के दूतावास ढाका के अलावा चटगांव, खुलना, सिलहट और राजशाही में महावाणिज्य दूतावास खुले रहेंगे और अपनी पूरी क्षमता के साथ काम करेंगे। हालांकि, यहां काम करने वाले अधिकतर राजनयिकों ने अपने परिवारों को बेहद कम समय (शॉर्ट) के नोटिस पर भारत भेज दिया है।
US भी बांग्लादेश नहीं भेज रहा राजनयिक परिवार
भारत-बांग्लादेश के रिश्तों में खटास बढ़ने के बाद यह फैसला लिया गया है, जबकि अमेरिकी सरकार 10 साल से ऐसा कर रहा है। वर्ष 2016 में ढाका में होली ऑर्टिसन बेकरी पर आतंकी हमले के बाद से अमेरिका ने राजनयिक परिवारों को नहीं भेजा है।

