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पंजाब कांग्रेस की गुटबाजी पर हाईकमान सख्त, साफ संदेश – अब नहीं होगी बर्दाश्त, ना ही होगा कोई फेरबदल

by | Jan 22, 2026 | देश, पंजाब

पंजाब कांग्रेस में जारी गुटबाजी और विवाद के बीच दिल्ली में कांग्रेस आलाकमान ने पंजाब कांग्रेस के बड़े नेताओं के साथ करीब तीन घंटे कांग्रेस के अध्यक्ष खरगे के आवास पर बैठक की जिसमे खरगे और राहुल गांधी शामिल हुए।

पंजाब कांग्रेस के पूर्व सीएम चरणजीत सिंह चन्नी के बयान और प्रदेश अध्यक्ष बदलने की बयानबाजी और अंतर्कलह के बीच दिल्ली में हुई बैठक में नेताओं को लगाई गई फटकार।कांग्रेस नेतृत्व ने चुनाव से एक साल पहले ही क्लियर कर दिया की पार्टी में प्रदेश अध्यक्ष नहीं बदला जाएगा वही बयानबाजी और गुटबाजी कर रहे नेताओं को दो टूक चेतावनी भी दे दी गई।

2027 चुनाव से पहले पंजाब कांग्रेस में अनुशासन का डंडा

2027 में होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले पंजाब कांग्रेस के नेता सीएम पद की दौड़ में बयानबाजी करते नजर आ रहे हैं। हाल ही में पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी ने पार्टी पर सवाल खड़े करते हुए कहा था कि कांग्रेस SC/ST और OBC वर्ग को कोई बड़ा पद नहीं देती। सूत्रों के मुताबिक इस बयान से कांग्रेस आलाकमान नाराज़ है। हालांकि आज हुई बैठक में राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष ने प्रदेश नेताओं को मिलकर काम करने और एकजुट होकर चुनाव लड़ने का निर्देश दिया। साथ ही साफ कर दिया गया कि बयानबाजी और गुटबाजी किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

दरअसल, पिछले लोकसभा चुनाव के बाद से ही पंजाब प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग को बदलने की मांग उठ रही थी। सूत्रों के अनुसार पार्टी के कई नेताओं ने उन पर टिकट बेचने और सभी को साथ लेकर न चल पाने के आरोप लगाए थे, जिसकी शिकायतें भी हाईकमान तक पहुंची थीं। लेकिन दिल्ली में हुई बैठक में पार्टी नेतृत्व ने स्पष्ट संदेश दे दिया कि फिलहाल कोई बदलाव नहीं होगा और जो भी नेता बयानबाजी या गुटबाजी में शामिल होगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

खरगे आवास पर मंथन

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के आवास पर हुई यह बैठक करीब तीन घंटे तक चली, जिसमें प्रभारी भूपेश बघेल, प्रदेश अध्यक्ष राजा वड़िंग, पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी, विधायक दल के नेता प्रताप सिंह बाजवा समेत कई वरिष्ठ नेता शामिल हुए।

आने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस ने एक साल पहले ही साफ कर दिया था कि चुनाव बिना किसी मुख्यमंत्री चेहरे के लड़ा जाएगा। पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी के नेतृत्व में ही पंजाब कांग्रेस चुनावी मैदान में उतरेगी। वहीं संगठन महासचिव के.सी. वेणुगोपाल ने भी दावा किया कि पंजाब में कांग्रेस की जीत तय है। हालांकि फिलहाल हाईकमान ने माहौल को शांत कर दिया है, लेकिन पंजाब कांग्रेस में यह शांति कब तक बनी रहेगी, यह देखना दिलचस्प होगा।

रिपोर्ट- कनिका कटियार

Tags : Congress