PM Modi Xi Jinping Meeting: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच शुक्रवार को तिआनजिन में अहम द्विपक्षीय मुलाकात हुई. यह बैठक शंघाई सहयोग संगठन (SCO) शिखर सम्मेलन से इतर आयोजित की गई जो करीब एक घंटे तक चली.
करीब एक घंटे तक चली दोनों नेताओं की बैठक
बैठक की शुरुआत में राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने प्रधानमंत्री मोदी का गर्मजोशी से स्वागत करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री मोदी, आपसे दोबारा मिलकर बहुत खुशी हुई. मैं SCO शिखर सम्मेलन के लिए चीन में आपका स्वागत करता हूं. उन्होंने याद दिलाया कि पिछले वर्ष रूस के कजान में ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के दौरान दोनों नेताओं की सफल बैठक हुई थी.
भारत-चीन के बीच द्विपक्षीय संबंधों पर चर्चा
प्रधानमंत्री मोदी ने इस दौरान कहा कि भारत और चीन आपसी सम्मान और भरोसे के आधार पर अपने संबंधों को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध हैं. उन्होंने सीमा प्रबंधन, कैलाश मानसरोवर यात्रा और भारत-चीन के बीच सीधी उड़ानों पर हुई प्रगति का उल्लेख करते हुए कहा कि इन प्रयासों से न केवल दोनों देशों के 2.8 अरब नागरिक लाभान्वित होंगे, बल्कि इसका सकारात्मक प्रभाव पूरी मानवता पर पड़ेगा.
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बैठक में भारत की ओर से राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल,विदेश सचिव विक्रम मिस्री,चीन में भारत के राजदूत प्रदीप रावत, संयुक्त सचिव (पूर्वी एशिया) गौरांग लाल दास और पीएमओ से अतिरिक्त सचिव दीपक मित्तल उपस्थित थे. वहीं चीन की ओर से राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ विदेश मंत्री वांग यी, प्रधानमंत्री ली कियांग, डायरेक्टर जनरल ऑफिस कैई ची और भारत में चीन के राजदूत शू फेहोंग मौजूद रहे.
SCO की अध्यक्षता के लिए चीन को पीएम ने दी बधाई
प्रधानमंत्री मोदी ने SCO की सफल अध्यक्षता के लिए चीन को बधाई भी दी और कहा कि भारत और चीन को एक-दूसरे की संवेदनशीलताओं का सम्मान करते हुए पारस्परिक सहयोग को और मजबूत करना चाहिए. यह मुलाकात ऐसे समय में हुई है जब दोनों देशों के बीच सीमा संबंधी मुद्दों पर चर्चा और समाधान की आवश्यकता महसूस की जा रही है. दोनों नेताओं की यह बातचीत आपसी संवाद और सहयोग को नए सिरे से मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है.

