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X टाइमलाइन से ‘गायब’ हुए मोदी-विरोधी पोस्ट! सौरभ भारद्वाज का बड़ा दावा, AAP बनाम राघव चड्ढा विवाद ने लिया सियासी मोड़

by | Apr 5, 2026 | News Big, देश

Raghav Chadha Deleted Modi BJP X Post: आम आदमी पार्टी (AAP) के भीतर सियासी घमासान अब खुलकर सामने आ गया है। पार्टी के वरिष्ठ नेता सौरभ भारद्वाज ने बड़ा दावा करते हुए आरोप लगाया है कि राघव चड्ढा ने अपनी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) की पूरी टाइमलाइन को “सर्जिकल तरीके” से साफ कर दिया है।

डिजिटल छवि बदलने की कोशिश

भारद्वाज के मुताबिक, चड्ढा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और बीजेपी की आलोचना करने वाले अपने सभी पुराने पोस्ट डिलीट कर दिए हैं। उन्होंने X पर स्क्रीनशॉट साझा करते हुए कहा कि कीवर्ड सर्च करने पर पहले मौजूद आलोचनात्मक पोस्ट अब दिखाई ही नहीं दे रहे हैं। उन्होंने लिखा, “राघव चड्ढा की टाइमलाइन पर ‘मोदी’ से जुड़े जो कुछ पोस्ट बचे हैं, वे भी अब तारीफ वाले हैं। यह सामान्य सफाई नहीं, बल्कि उनकी डिजिटल छवि को पूरी तरह बदलने की कोशिश है।”

विवाद की जड़ क्या है?

यह पूरा विवाद तब शुरू हुआ जब AAP ने हाल ही में राज्यसभा में राघव चड्ढा को डिप्टी लीडर के पद से हटाकर अशोक मित्तल को यह जिम्मेदारी दे दी। इस फैसले के बाद से पार्टी के भीतर असंतोष और आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया। चड्ढा ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा था कि उन्होंने संसद में टैक्स सुधार और एयरपोर्ट पर महंगे खाने जैसे आम जनता से जुड़े मुद्दे उठाए हैं। हालांकि, पार्टी ने इसे “आसान मुद्दों की राजनीति” बताते हुए उन पर केंद्र सरकार के खिलाफ आक्रामक रुख से बचने का आरोप लगाया।

‘सॉफ्ट PR’ और पार्टी लाइन तोड़ने के आरोप

भारद्वाज ने चड्ढा पर ‘सॉफ्ट PR’ करने का आरोप लगाते हुए कहा कि बड़े राजनीतिक मुद्दों पर चुप रहना पार्टी की विचारधारा के खिलाफ है। वहीं, पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने भी उन पर पार्टी लाइन का पालन न करने का आरोप लगाया। मान ने कहा कि संसद में विपक्ष के तौर पर फैसले सामूहिक रूप से लिए जाते हैं, जैसे वॉकआउट करना। अगर कोई सदस्य इन फैसलों से अलग चलता है, तो यह व्हिप के खिलाफ माना जाता है।

आतिशी का BJP पर हमला

इस विवाद के बीच AAP नेता आतिशी ने बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी का एक तय पैटर्न है डर, दबाव और लालच के जरिए विपक्षी नेताओं को अपने पाले में लाना। उन्होंने इशारों में कहा कि शायद राघव चड्ढा के साथ भी कुछ ऐसा ही हो रहा है।

‘घायल बाघ’ बनकर चड्ढा का पलटवार

इन आरोपों के बाद राघव चड्ढा ने भी तीखा जवाब दिया। एक वीडियो संदेश में खुद को ‘घायल बाघ’ बताते हुए उन्होंने कहा, “घायल हूँ, इसलिए घातक हूँ।”
उन्होंने आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि उन्होंने कभी भी विपक्ष के वॉकआउट का विरोध नहीं किया। चड्ढा ने चुनौती देते हुए कहा कि कोई एक उदाहरण सामने लाया जाए, जहां उन्होंने विपक्ष का साथ न दिया हो।

चीफ इलेक्शन कमिश्नर के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव पर साइन न करने के आरोपों पर भी उन्होंने सफाई दी। उनका कहना था कि आवश्यक संख्या में सांसदों के हस्ताक्षर पहले ही हो चुके थे, और केवल उन्हें ही निशाना बनाना गलत है।

केजरीवाल की चुप्पी ने बढ़ाया सस्पेंस

इस पूरे सियासी घमासान के बीच सबसे दिलचस्प बात यह है कि AAP के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने अब तक कोई सार्वजनिक प्रतिक्रिया नहीं दी है। उनकी खामोशी ने इस विवाद को और भी रहस्यमय बना दिया है।

आगे क्या?

राघव चड्ढा और AAP के बीच बढ़ती यह दूरी क्या किसी बड़े राजनीतिक बदलाव का संकेत है? क्या यह केवल अंदरूनी मतभेद है या इसके पीछे कोई बड़ा सियासी खेल चल रहा है? फिलहाल, इस सवाल का जवाब वक्त के साथ ही सामने आएगा, लेकिन इतना तय है कि यह विवाद आने वाले दिनों में और भी गरमा सकता है।

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