होम = Breaking = बलूचिस्तान में रेलवे ट्रैक के पास आत्मघाती धमाका, 26 की मौत; जाफर एक्सप्रेस के डिब्बे पटरी से उतरे

बलूचिस्तान में रेलवे ट्रैक के पास आत्मघाती धमाका, 26 की मौत; जाफर एक्सप्रेस के डिब्बे पटरी से उतरे

Jaffar Express Attack: पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत के क्वेटा शहर में रविवार को बड़ा आत्मघाती हमला हुआ। चमन फाटक के पास रेलवे ट्रैक के नजदीक हुए इस धमाके की चपेट में जाफर एक्सप्रेस आ गई। अधिकारियों के मुताबिक हादसे में कम से कम 26 लोगों की मौत हो गई है, जबकि 70 से अधिक लोग घायल बताए जा रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, धमाके के वक्त ट्रेन क्वेटा कैंट की ओर जा रही थी। विस्फोट इतना शक्तिशाली था कि जाफर एक्सप्रेस के कई डिब्बे पटरी से उतर गए और पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई।

धमाके के बाद मचा हड़कंप, इलाके में चलाया गया सर्च ऑपरेशन

विस्फोट के बाद रेलवे ट्रैक के पास आग लग गई, जिसके बाद फायर ब्रिगेड, पुलिस, रेस्क्यू टीम और सुरक्षा बल तुरंत मौके पर पहुंचे। घायलों को अस्पताल पहुंचाने और यात्रियों को सुरक्षित निकालने के लिए राहत-बचाव अभियान शुरू किया गया। पुलिस के मुताबिक धमाका इतना तेज था कि आसपास की इमारतों की खिड़कियों के शीशे तक टूट गए। सुरक्षा एजेंसियों ने पूरे इलाके को घेर लिया है और हमले की वजह व साजिशकर्ताओं का पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी गई है।

आतंकी हमले के एंगल से जांच में जुटीं एजेंसियां

बलूचिस्तान सरकार के गृह मामलों के विशेष सहायक बाबर यूसुफजई ने बताया कि घटना की जांच शुरू कर दी गई है और सभी सुरक्षा एजेंसियों को हाई अलर्ट पर रखा गया है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे घटनास्थल के आसपास भीड़ न लगाएं ताकि राहत और जांच कार्य में कोई बाधा न आए। फिलहाल किसी संगठन ने इस हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है, लेकिन सुरक्षा एजेंसियां इसे आतंकी हमला मानकर जांच कर रही हैं।

पहले भी हो चुके हैं जाफर एक्सप्रेश पर हमले

जाफर एक्सप्रेस पाकिस्तान रेलवे की प्रमुख लंबी दूरी की पैसेंजर ट्रेन है, जो बलूचिस्तान की राजधानी क्वेटा को देश के कई बड़े शहरों से जोड़ती है। यह ट्रेन ऐसे संवेदनशील इलाकों से होकर गुजरती है जहां लंबे समय से उग्रवादी गतिविधियां जारी हैं। इन क्षेत्रों में बलूच लिबरेशन आर्मी (BLA) का प्रभाव माना जाता है, जिसके चलते जाफर एक्सप्रेस कई बार हमलों का निशाना बन चुकी है। पिछले साल भी BLA ने इस ट्रेन को हाईजैक करने का दावा किया था। संगठन ने उस दौरान 214 यात्रियों को बंधक बनाने और 30 सैनिकों की हत्या करने की बात कही थी।